पत्नी को उकसाया, ग्रुप सेक्स तक पहुँचाया-4

राजीव ने सारिका की फ्रॉक उतारने की कोशिश की तो उसने राजीव को चले जाने को कह दिया। राजीव भौंचक्का रह गया, वो सॉरी अपने कपड़े ठीक करके जाने लगा।

इस बीच सारिका सोफे पर आँख बंद करके बैठी रही।

तभी दीपक का फोन आया, वो हंस कर बोला- कहाँ हो… क्या राजीव के साथ डेट पर हो? सारिका घबरा गई, बोली- क्या कह रहे हो तुम?

दीपक बोला- मैं तो मजाक कर रहा हूँ… वैसे तुम राजीव को बुला लो… मौज लो… तुम्हें अच्छा लगेगा तो मुझे कोई ऐतराज नहीं! सारिका बोली- सब कहने की बात है!

इस पर दीपक बोला- मेरा विश्वास करो जानू, और लो राजीव को मैं ही भेज देता हूँ तुम्हारे पास! सारिका बोली- नहीं, रहने दो! और उसने किस करके फोन काट दिया।

राजीव भी जाने के लिए गेट पर पहुँच चुका था, वो एक सेकंड के लिए ठिठका, सारिका उसे एकटक देख रही थी। वो पलटा और सारिका उससे दौड़ कर चिपट गई।

पति के दोस्त से चूत चुदाई

अब यह तूफ़ान रुकने वाला नहीं था, वो राजीव का हाथ पकड़ कर बेडरूम रूम में ले गई। अंदर कामाग्नि, वासनामय माहौल, सुलगते बदन, कोई रोक टोक नहीं और सामने महकता बेड… अब वही हुआ जो होना था!

सारिका ने राजीव की टीशर्ट उतार दी, बाकी काम तो राजीव ने कर दिया।

एक मिनट बाद दोनों नंगे चिपके खड़े थे, सारिका का महकता दमकता चिकना बदन राजीव की मजबूत और बलिष्ठ बाँहों में कैद था उसका लंड सारिका की चूत से चूमाचाटी कर रहा था और दोनों की जीभ एक हो गई थी।

सारिका ने दीपक के बाद पहली बार किसी और का लंड महसूस किया था। उसने एक हाथ नीचे करके राजीव के लंड को अपनी हथेली में ले लिया।

राजीव ने अपना मुंह नीचे कर के सारिका के मम्मे चूसने शुरू किये, फिर उसने सारिका को गोदी में उठाया, सारिका उसकी गर्दन में बाहें डाल कर झूल गई। राजीव ने अपना लंड उसकी चूत में घुसा दिया, सारिका को जैसे करंट लगा वो और जोर से राजीव से लिपट गई।

राजीव उसे नीचे से धक्के देने लगा, सारिका तो पागल हो रही थी। राजीव ने उसे धीरे से बेड पर लिटाया और नीचे होकर सारिका की चूत में अपनी जीभ कर दी।

सारिका की चूत से तो फव्वारा चूत गया… वो राजीव के लंड के लिए पागल हो रही थी.. दोनों 69 की पोजीशन में आ गए।

सारिका ने राजीव का पूरा लंड मुह में ले लिया था और चूस कर राजीव की हालत ख़राब कर दी। राजीव पलटा और सारिका के दोनों पैर अपने हाथों से चौड़े करके सारिका की चूत में अपना लंड पेल दिया।

सारिका चीखी पर राजीव की बढ़ती स्पीड और चूत से निकलने वाली आग ने उसे अपने हिप्स ऊपर करने को मजबूर कर दिया।

राजीव उसकी चुदाई के साथ उसके निप्पल भी मसल रहा था।

दोनों हांफ रहे थे और एक धमाके से राजीव ने सारिका की चूत को सफ़ेद मलाई से भर दिया।

दोनों निढाल होकर पड़ गए।

कुछ पल बाद जब तूफ़ान शांत हुआ तो राजीव ने देखा उसका मोबाइल बज रहा है… दीपक का फोन था। दीपक बोला- पिछले बीस मिनट से फोन कर रहा हूँ, कहाँ था?

राजीव बोला- फोन गाड़ी में रह गया था, मैं मार्किट में हूँ।

दीपक ने उससे कहा कि वो सारिका के पास हो आये, वो घर पर अकेली है बोर हो रही होगा। राजीव क्या बोलता, बोला- अच्छा देखता हूँ!

फोन रखा तो सारिका पीछे से उससे लिपट गई। दोनों नंगे बदन फिर कामाग्नि में दहकने लग गए थे।

सारिका ने पूछा- कॉफी लोगे? राजीव के हाँ कहने पर सारिका ने फ्रॉक पहनी और किचन में गई, फटाफट कॉफ़ी बना लाई।

तब तक राजीव भी कपड़े पहन चुका था।

ड्राइंग रूम में आकर दोनों ने कॉफ़ी पी।

हालाँकि एक और ट्रिप का मूड बन गया था दोनों का… पर रात के दस बज रहे थे, ज्योति को क्या जवाब देना है, यह सोच कर राजीव उठ खड़ा हुआ।

एक बार दोनों फिर चिपक गए और ऐसे चिपके कि बरसों के बिछड़े हों।

सारिका ने राजीव के कान में फुसफुसा कर कहा- आज यहीं रुक जाओ! चाहता तो राजीव भी था पर यह कैसे संभव था।

खैर राजीव बाहर निकला और सारिका ने भी घर लॉक किया और सीधे बाथरूम में घुस गई।

शावर का ठंडा पानी भी उसके बदन की गर्मी को शांत नहीं कर पा रहा था, अचानक उसका बाहर रखा मोबाइल बजा। सारिका ने सोचा कि दीपक होगा तो वो केवल तौलिया लपेट कर मोबाइल सुनने लगी।

राजीव था, बोला- गेट खोलो! मतलब राजीव वापिस आ गया था।

सारिका ने तौलिया लपेटे ही साइड होकर गेट खोला, राजीव अंदर आया और फिर दोनों लिपट गए। राजीव बोला- मैंने ज्योति को बोल दिया है कि मेरी एक पार्टी बाहर से आई हुई है, रात को काफी लेट हो जाऊँगा।

सारिका ने राजीव की टीशर्ट और पैंट उतार दी, राजीव ने उसका टॉवल खींच दिया। दोनों बाथरूम में गए और शावर के नीचे एक बदन हो गए।

राजीव ने सारिका के पूरे बदन पर शावर जेल लगाया और फिर स्क्रबर से रगड़ कर सारिका को नहलाया। उसके मम्मों और चूत की अपने हाथों और उँगलियों से अच्छी मालिश की।

सारिका ने भी राजीव का लंड चूस कर उसे परेशान कर दिया। राजीव ने सारिका की एक टांग बराबर में बाथटब पर रखी और अपना लंड उसकी चूत में घुसेड़ दिया।

ऊपर से शावर का पानी, नीचे चुदाई, जन्नत का मजा आ रहा था दोनों को! पर लंड था कि ढीला होने को तैयार नहीं था।

सारिका ने राजीव से कहा- चलो, बेड पर चलो!

बदन पोंछ कर सारिका राजीव की कमर पर लटक गई और अपनी टांगें उसकी कमर पर लपेट लीं। राजीव उसके हिप्स के नीचे अपनी हथेलियाँ लगा कर उसे बेड पर ले आया। यह हिन्दी सेक्स कहानी आप अन्तर्वासना डॉट कॉम पर पढ़ रहे हैं!

बेड पर दोनों स्पून पोजीशन में लेट गए, दोनों ने एक दूसरे के गाल पकड़े हुए थे, सारिका ने अपनी एक टांग राजीव की टांग के ऊपर रखी हुई थी, राजीव ने अपनी एक टांग सारिका के इतनी नजदीक की हुई कि उसका लंड सारिका की चूत के ऊपर मचल रहा था।

राजीव ने अपना एक हाथ नीचे करके अपना लंड सारिका की चूत में घुसा दिया और धक्के देने लगा।

सारिका तो आज राजीव को खा जाना चाहती थी, वो राजीव के ऊपर चढ़ गई और उछल उछल कर राजीव को चोदने लगी। वो जल्दी ही हांफने लगी तो राजीव ने उसे चिपका कर करवट बदल ली और सारिका को नीचे करके उसके ऊपर लेट गया और सारिका के सर और पैर की ओर ऊपर नीचे होता हुआ चुदाई करने लगा।

इसमें सारिका को चुदाई का असली मजा आया।

राजीव ने अपना माल छोड़ दिया, दोनों निढाल होकर चिपक कर लेट गए। अब राजीव को जाना था, उसने कपड़े पहने और बाहर निकल गया।

सारिका नंगी ही सो गई।

यह हिंदी सेक्स कहानी जारी रहेगी! [email protected]

Ananya Verma

अरे! मैं अनन्या वर्मा हूँ - लखनऊ विश्वविद्यालय से मनोविज्ञान की पढ़ाई करने वाली और पिछले 4 साल से हिंदी में ऐसी कहानियाँ लिख रही हूँ जो आपकी अंगुलियाँ स्क्रीन पर रोक दें। मैं इंसानी इच्छाओं, ख्वाहिशों और वो पलों को समझती हूँ जो आप छुपाना चाहते हैं लेकिन महसूस करना चाहते हैं। मेरी कहानियों में वही बात है जो दिल को छूती है और तन को सिहराती है। हज़ारों पाठकों ने मेरी कहानियाँ पढ़कर गर्म रातों का मज़ा लिया है। तो चलो, आज की रात मेरी कहानी से बनाते हैं!

Read All Stories by Ananya Verma
Disclaimer

इस वेबसाइट पर प्रकाशित सभी कहानियाँ पूर्णतः काल्पनिक हैं और केवल वयस्क पाठकों (18 वर्ष से अधिक आयु) के मनोरंजन के लिए लिखी गई हैं। इनका किसी भी वास्तविक व्यक्ति, घटना या स्थान से कोई संबंध नहीं है।

यहाँ प्रस्तुत किसी भी सामग्री को वास्तविक जीवन में अनुकरण करने के लिए प्रोत्साहित नहीं किया जाता। यदि आप 18 वर्ष से कम आयु के हैं, तो कृपया इस वेबसाइट को तुरंत छोड़ें।

इस साइट की सामग्री केवल भारत के कानूनों के अनुरूप वयस्क मनोरंजन हेतु है। कहानियों में व्यक्त किए गए विचार लेखक के निजी हैं और वेबसाइट का किसी भी प्रकार से उन पर कोई नियंत्रण नहीं है।

हमारी साइट का उपयोग करके आप स्वीकार करते हैं कि आपने हमारी Privacy Policy पढ़ और समझ ली हैं।

लिंक कॉपी हो गया!