हम ऑटो लेकर होटल पार्कव्यू पहुँचे, वहाँ हमें सूट नम्बर 205 के सामने पहुँचा दिया गया। शीतल ने डोर बेल पर ऊँगली रखी। बेल की आवाज़ हुई। कुछ देर बाद दरवाजा थोड़ा सा खुला। उसमें से आनन्द का चेहरा दिखा। ‘गुड गर्ल!’ उसने मुझे ऊपर से नीचे तक देखा और अपने होंठों पर जीभ फिराई। […]
मूल लेखक : आलोक यह कहानी अन्तर्वासना पर पांच साल पूर्व प्रकाशित हुई थी, मामूली संशोधनों के बाद इसे पुनः प्रकाशित किया गया है। पूर्व प्रकाशित मूल कहानी सहेली की खातिर मैं रेखा हूँ, 30 साल की बहुत ही खूबसूरत महिला, मेरे पति अंशु बिज़नेसमैन हैं। मैं आपको उस घटना के बारे में बताना चाहती […]
प्रेषक : रोनी सलूजा इतना बड़ा और खड़ा लंड देख मैं घबरा गई, लगभग छः इंच का होगा और फिर वह अपनी जीभ से मेरी चूत को सहलाने लगा। मैं इतना उत्तेजित थी कि एक मिनट में ही झर गई। होश आने पर अपना भविष्य दिखाई देने लगा, मैंने उसे रोका और कहा- बस संजय, […]
सभी पाठक पाठिकाओं को मेरा प्यार भरा नमस्कार ! आपके इमेल प्राप्त हुए, सभी ने मेरी कहानियों को सराहा, इसके लिए शुक्रिया। इस बार जो कहानी आपके लिए लाया हूँ, वह एक पाठिका की है जो मेरे द्वारा प्रकाशित करना चाहती है, वह अपना नाम पता को गोपनीय, रखना चाहती है तो नाम एवं पता […]
प्रेषक : समीर सर्वप्रथम आप सभी को मेरी ओर से प्यार भरा नमस्कार ! मेरा नाम समीर है, मेरी उम्र 20 वर्ष है, दिल्ली का रहने वाला हूँ। मैं इंजीनियरिंग कर रहा हूँ, और मैं एक जिगोलो हूँ। अन्तर्वासना पर यह मेरी पहली कहानी है, अगर कोई गलती हो तो मैं क्षमा चाहता हूँ। मुझे […]
कहानी का पहला भाग : एक कुंवारे लड़के के साथ-1 कहानी का पाँचवाँ भाग : एक कुंवारे लड़के के साथ-5 कुछ देर बाद हम दोनों ने अपने अपने चेहरे साफ़ किये और दोनों लड़कों के साथ सोफे पर बैठ गईं। रचना ने सब के गिलास भर दिये और पीते पिलाते हम चारों में फिर से […]
कहानी का चौथा भाग : एक कुंवारे लड़के के साथ-4 अब आगे : एक बार मनीष ने मुझे फोन करके मिलने की इच्छा की। मैंने उसे शाम को मिलने के लिये जगह बता दी। शाम को कोई 07.00 बजे मनीष आया तो उसके साथ एक लड़का और भी था। मनीष ने परिचय करवाते हुए बताया- […]
मेरा नाम जूही परमार है, मैं मुरैना की रहने वाली हूँ, पढ़ने में होशियार और होनहार लड़की हूँ। मैं एक छोटे से कस्बे से ताल्लुक रखती हूँ इसलिए एक बड़े शहर इंदौर में पढ़ने आई हूँ। इस शहर में मेरा कोई जान-पहचान वाला नहीं है तो मेरे पापा ने मुझे हॉस्टल में रुकने की आज्ञा […]
प्रेषिका : श्रद्धा वैद्य प्रिय पाठको, यह मेरी सच्ची कहानी है, दस साल पुरानी बात है, मैं अमरावती में रहती थी, पापा और ममा नौकरी करते थे। मैं उनकी अकेली लाडली बेटी थी। वे दफ़्तर चले जाते और मैं स्कूल ! शाम को हम घर आते, हमारा घर काफी बड़ा था इसलिये पापा ने सोचा […]
अन्तर्वासना के सभी पाठकों का एक बार फिर से मेरा तहे दिल से नमस्कार। आप सभी ने मेरी पिछली कहानी पहला आनन्दमयी एहसास के दो भाग पढ़े होंगे। मैं दोबारा अपना परिचय दे देता हूँ, मेरा नाम यश है, मैं 26 साल का नौजवान हूँ, जयपुर राजस्थान का रहने वाला हूँ, अन्तर्वासना का नियमित पाठक […]
अन्तर्वासना के सभी पाठकों का एक बार फिर से मेरा तहे दिल से नमस्कार। आप सभी ने मेरी पिछली कहानी पहला आनन्दमयी एहसास पढ़ी होगी, फिर भी मैं दोबारा अपना परिचय दे देता हूँ, मेरा नाम यश है, मैं 26 साल का नौजवान हूँ, जयपुर राजस्थान का रहने वाला हूँ, अन्तर्वासना का नियमित पाठक हूँ… […]
मैं अन्तर्वासना का नियमित पाठक हूँ, मैं 24 वर्षीय जवान मस्त लड़का हूँ, अभी तक कई कुंवारी चूतों का मजा ले चुका हूँ। मैंने पहली चुदाई दिल्ली में की थी, वह चुदाई आज भी मुझे याद है, उसका चीखना और चिल्लाना आज भी मेरे कानों में मधुर स्वर की तरह गूंजता है। मन-मस्तिष्क में गुदगुदी […]
मेरा नाम यश है और मैं 26 साल का नौजवान हूँ, अन्तर्वासना का नियमित पाठक हूँ… हर रोज मेरा मन करता कि मैं भी अपने जीवन की कोई कहानी आपसे शेयर करूँ… इसलिए आज अपने जीवन की पहली सच्ची घटना आपसे शेयर कर रहा हूँ… मैं जब बारहवीं कक्षा में था, रोज प्राइवेट बस से […]
नमस्कार मित्रो, मैं हूँ विकास, उम्र 20 साल, 5’11”, मैं औरंगाबाद, महाराष्ट्र का रहने वाला हूँ। लगभग 4 साल से अन्तर्वासना पर कहानियाँ पढ़ रहा हूँ। मैंने सारी कहानियाँ पढ़ी है और अब चाहता हूँ कि इस विशाल कथा संग्रह में मैं भी अपना योगदान दूँ ! यह कहानी एकदम सच्ची है और मेरी अपनी […]
प्रेषिका : नीनू “हाँ भगतनी, मेरी सेविकाओं ने इसका मुआयना किया, पूरी पूरी आस है बच्चा होने की ! बस जब जब कहूँ पूजा करवाने भेजती रहना !” शाम को सासू माँ बोली- जा ! मैंने कहा- मुझे यह सब पाखंड लगते हैं, वो पाखंडी है, मुझे नहीं जाना वहाँ। “तेरी माँ भी जायेगी कुतिया […]
प्रेषिका : नीनू मुझे ससुराल में प्यास बुझाने का साधन मिल गया, पति तो था ही नाकारा ! वो मेरे पास रात के सिवा कम ही आता, वो जानता था उसमें कुछ नहीं है। सासू माँ मेरे पीछे पड़ गई कि पोता का मुँह दिखा ! पोते का मुँह कहाँ से दिखाती ! पति जानता […]
प्रेषिका : नीनू “दोनों ऊपर आ जाओ, मेहमान हो मेरे, फिर कहोगे भाभी ने बैठने को नहीं कहा।” राहुल बोला- साली, हम तो तेरे साथ लेटना चाहते हैं ! “यह हुई मर्द वाली बात, तुम दोनों कुत्ते हो और मैं तुम दोनों की कुतिया हूँ !’ मैंने पैंटी भी उतार फेंकी, एकदम चिकनी फ़ुद्दी देख […]
प्रेषिका : नीनू उसने और अंदर किया, फिर रुक कर और अंदर कर पूरा घुसा दिया। मैं हिम्मत करके सह गई, उसको नहीं रोका। जल्दी वो भी आराम से रगड़ने लगा और मुझे मजा आने लगा। आधे घंटे बाद जब वो रुका तो मैं संतुष्ट थी, मैंने उसके होंठ चूम लिए। “पसंद आया तुझे?” “बहुत […]
प्रेषिका : नीनू मेरा नाम नीनू है, मैं पंजाबन हूँ, मेरी उम्र इस वक़्त सताईस साल की है, मैं बहुत गर्म, प्यासी, चुदाई की भूखी किस्म की औरत हूँ, इसकी वजह है मेरी शादी लेट होना ! कहते हैं कि मैं मंगलीक हूँ इसलिए मेरी शादी देर से हुई। मैं बहुत खूबसूरत हूँ, कितने ही […]
दीपेन कुमार अन्तर्वासना पढ़ने वाले सभी मित्रों को नमस्कार ! मेरा नाम रोहन है, मैं भी अपने जीवन में घटी कुछ मजेदार बातें आप सभी के साथ करना चाहता हूँ। मेरी जीवन में जो सबसे पहला चुदाई का मौका आया उस समय तो मुझे सेक्स के बारे में कुछ ज्ञान भी नहीं था। बात उन […]
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