रात भर मम्मी को दुहते है पापा

मैं अपने मम्मी पापा का इकलौता हूं और मम्मी और पापा के साथ ही रहता हूं। गांव में बुआ और परिवार रहता है यहां शहर में केवल हम तीन लोग ही। बात करें मेरे पापा कि तो उनका एक बिजनेस है और मम्मी हाऊसवाइफ हैं। मम्मी मेरी जिंदगी सुंदर गोल मटोल, पापा उतनें ही उम्रदराज और थोड़ा गंदे टाइप लगते हैं। Jawani Ka Doodh Pilati

मेरी बुआ लोग जब यहां शहर आती हैं, तो अक्सर कहा करती हैं कि मुन्ना तेरी मम्मी जब भैया को मिली थीं, तो भाभी महीनों तक सही से चल नहीं पाती थी फिर तू हो गया। कई बार मैंने मम्मी को कहते सुना है कि सुहागरात पर तो इतनी बेरहमी से किया था कि जैसे कभी कोई औरत ही न मिली हो।

मम्मी मुझे बहुत प्यार करती हैं और मैं उनके साथ ही सोता हूं मगर जब सुबह नींद खुलती हैं तो मम्मी के पेटीकोट के अंदर से मम्मी उनके नीचे न्यूड पड़ी होती हैं। एक रात मैंने तय किया कि आज देखूंगा कि ये लोग क्या करते हैं। मैं सोने का नाटक करने लगा।

पापा आये और मम्मी को मुझसे अलग कर अपनी बाहों में खींच लिया और जोर जोर से उनके मम्मों को मसलने लगे और मम्मी से कहा कि सारा माल एक को ही पिलाओगी मेरी जान!! पति भी है। मम्मी के ब्लाउज, ब्रा निकाल कर अलग कर दिया।

मम्मी बोली आप इंसान हैं या जानवर। हर रात गधे की तरह चोदते रहते हैं, मेरी चूत सुबह बहुत दुखती है। पापा मम्मी के मम्मों को चूसते हुए बोले कि अब जब इतनी सुंदर माल चोदने खाने को मिली है, तो क्या करें। तुम्हें देखते ही एकदम पागल हो जाता हूं।

मैंने करवट लीं तो मम्मी पापा को बगल कर मेरे पास आ गईं और अपना एक निप्पल मेरे मुंह में डाल दिया और मुझे चूमने लगीं। पापा भी मम्मी के पीछे थे और मम्मी के पेट को पकड़ कर उनके चूतड़ों पर अपना लंड घिसनें लगे।

मम्मी भी ये जानतीं थीं कि पापा उन्हें बिना चोदे छोड़ेंगे नहीं इसलिए अपनीं जांघों और अपनी बुर को उनके हवाले कर दिया। मम्मी की जांघों को पापा दबाकर नीचे हुए और उनकी चूत पर अपना लंड घिसनें लगे। मम्मी वासना में सिसकनें लगीं, मुझे चूमने लगीं।

मम्मी ने पापा की टांगों से अपने आप को दूर किया और उनका लंड पीछे कर दिया। पापा बहुत गर्म थे, मुझे मम्मी से अलग कर बोले बेटा अब तेरी मम्मी को भी प्यार की जरूरत है, तभी तो तुझे और प्यार करेगी। तो अब मम्मी को मुझे दे और तू सो जा।।

पापा मम्मी के पेटीकोट को ऊपर चढ़ाया और अपना लंड मम्मी की चूत पर सेट किया और उनका पेटीकोट खोलकर खुद नीचे से ऊपर निकल कर पेटीकोट बांध दिये। मम्मी ने उनके कान में कहा बच्चे के सामने तो छोड़ दो। पर पापा नें मम्मी के उरोजों को जोर से मसलना शुरू कर दिया और गधे की तरह उन्हें चोदने लगे।

मम्मी चिल्लाती भीं कैसे पापा ने उनके होंठों को भी अपने होंठों से बंद कर रखा था। पापा मम्मी को आधे घंटे तक उसी अवस्था में चोदते रहे। मम्मी और पापा पसीने पसीने हो गये। पापा बोले तुझे और किसी मर्द से चुदते देख मुझे मूठ मारनी है। तेरी चूत बहुत मस्त है।

मम्मी बोलीं तुम्हारी बीबी हूं कोई रंडी नहीं जिससे मन हुआ चुदवा दोगे। पापा मम्मी को लड़ने के लिए उत्तेजित कर रहे थे ताकि वो उन्हें और बेरहमी से चोद सकें। मम्मी के इतना कहते ही पापा बोले तू मेरी रंडी तो है, रोज रात मुझसे अपनी चूत मरवाती है।

सुहागरात पर तेरे साथ क्या किया था याद है न कि भूल गई। मम्मी से बतिया भी रहे थे और गुस्से में पापा अपनी स्पीड भी बढ़ाते जा रहे थे, मम्मी बोली धीरे करो नहीं बच्चा जग जायेगा। पापा अपनी धुन में मस्त और मम्मी भी अब सिसकने लगीं उनका पानी निकलना शुरू हुआ.

पापा बोले अभी नहीं, अभी नहीं मेरे साथ झड़ना, उनके होंठों को चूसने लगे और मम्मी को उठा लिया अपनी गोद में और बोले कि तुम मेरी जान हो, तुम्हें अगर मैं प्यार नहीं करता तो अपनी शारीरिक भूख कहीं और भी मिटा सकता था पर तुम्हारी चूत की गर्मी भी तो मुझे शांत करनी है।

मम्मी से बतियाते हुए उनका ध्यान पापा भटका रहे थे। मम्मी उनसे बोलीं मैं भी आपसे बहुत प्यार करती हूं इसलिए ही जब हर रोज आप मुझे बिस्तर पर मसलते, नोचते हैं तो मुझे सुख मिलता है कि मेरा पति अपनी भूख मेरे जिस्म से मिटा रहा।

आप टूर पर होते हो तो मुझे रात भर नींद नहीं आती। मुझे नींद आपकी बांहों में बिना कपड़ों के रात भर सोने में आती है। मेरा ये जिस्म सुहागरात की रात से आपका है, जितना मन कहे भोगिये। पापा भी अब अकड़नें लगे और मम्मी को और जोर जोर से मसलने लगे।

मम्मी और पापा दोनों ही एक दूसरे को चूमते हुए निढाल हो गये। पापा का सर हर सुबह मम्मी की नंगी चूचियों पर होता है और मम्मी के दोनों बाहें पापा की बाहों में। मम्मी रात भर उन्हें अपनी जवानी का दूध पिलाती हैं और पापा रात भर किसी ग्वाले की तरह उनकी जवानी को दुहते हैं.

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Ritu Agarwal

हैलो दोस्तों! मैं ऋतु अग्रवाल हूँ - कानपुर विश्वविद्यालय से समाजशास्त्र में मास्टर डिग्री पाने वाली और पिछले 5 साल से हिंदी में वो कहानियाँ लिख रही हूँ जो आपकी रूह को छू लें और तन को तड़पा दें। मैं मानव व्यवहार और इंसानी इच्छाओं पर गहरा रिसर्च करती हूँ ताकि हर कहानी असली और दिलकश हो। मेरी कहानियाँ लाखों पाठकों ने पढ़ी हैं और हर कोई वापस आता है। मैं समझती हूँ आप क्या चाहते हैं - और वही लिखती हूँ जो आपको पागल कर दे। तो चलो, मेरी कहानी से आज की रात को खास बनाते हैं!

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